साहित्य साधक कवि-सम्मेलन*

 *साहित्य साधक कवि-सम्मेलन*


*(22-11-2020)*

*********************

     आज दिनांक 22-11-2020 को सायं 06:00 बजे से साहित्य साधक ,अखिल भारतीय साहित्य मंच पर वीडियो कवि-सम्मेलन का शानदार आयोजन संस्थापक श्री कृष्ण कुमार क्रांति जी के निर्देशन मेंं  किया गया जिसमें भारत के अनेक श्रेष्ठ कवि और कवियित्रियों ने प्रतिभागिता कर वाहवाही लूटी।

       कार्यक्रम का शुभारंभ अध्यक्ष श्री शशिकांत शशि जी के द्वारा माँ शारदे का चित्र स्थापित कर किया गया तदुपरांत मुख्य-अतिथि श्री उदय नारायण सिंह जी ने माँ शारदे पर माल्यार्पण की, विशिष्ट अतिथि आ. डॉ. राणा जयराम सिंह प्रताप जी ने द्वीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का *श्रीगणेश* किया। 

       भारतीय परम्परा के अनुसार वरिष्ठ कवि श्री रामनाथ ननकी जी ने सुमधुर स्वर में  *गणेश वंदना* "हे गजानन गणपति ज्ञान दे ,विज्ञान दे" की प्रस्तुति दी।माँ शारदे को नमन करते हुए वरिष्ठ गीत एवं ग़ज़ल कार श्री अभिलाज जी ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत किया जिसे  श्री अमरसिंह निधि ने संयोजित किया।कार्यक्रम के *मुख्य-अतिथि श्री उदय नारायण सिंह जी*  ने संवोधित करते हुए कहा कि "साहित्य साधक मंच अनवरत अपनी ऊँचाई प्राप्त करे यही मेरी शुभकामनाएं हैं।सभी कविजनों की रचनाएँ काव्य सौष्ठव से परिपूर्ण होती है ,आप सभी की जय हो,जीवन उत्कर्ष उदय हो" आदि सद्भावना के साथ ही सफल आयोजन हेतु शुभकामनाएं प्रदान की। विशिष्ट अतिथि  *डाँ. राणा जयराम सिंह प्रताप जी* ने सभी का स्वागत ,वंदन -अभिनंदन करते हुए कार्यक्रम के निर्विघ्न सम्पन्न होने की  शुभकामनाएं प्रदान की एवं आयोजक मंडल के प्रति आभार व्यक्त किया।साहित्य साधक मंच के संस्थापक श्री *कृष्ण कुमार क्रांति जी* ने कहा कि - *आप सभी के सानिध्य में यह मंच पूरे देश में उत्तरोत्तर विकास कर रहा है, कोई ना कोई कार्यक्रम प्रत्येक महीने मंच पर होती रही है जो आप सभी के सहयोग के बिना संभव नहीं था।मैं सभी अतिथियों और रचनाकारों का स्वागत करता हूँ, और आशा करता हूं आप सभी का सानिध्य इसी प्रकार बना रहेगा।*

       कवि सम्मेलन की संचालिका *मंजरी जी* ने दोहों के माध्यम से मंच पर कवियों को आमंत्रित किया।सर्वप्रथम कवयित्री *व्यंजना मिथ्या आनंद* ने वीररस की रचना *देश धर्म कर्तव्य कर्म हित जो कंटक पथ चलते है, *प्रो.मीना श्रीवास्तव "पुष्पांंशी" जी*  ने ग़ज़ल "चाँदनी ने कहा रात में चाँद है", कवि *श्री जितेंद्र कुमार जी* ने "हाँ मैं किसान हूँ" रचना में किसानों की व्यथा उजागर की।कवयित्री *राधा तिवारी जी* ने "मात-पिता के बाद में शिक्षक को दो मान" जैसे दोहे प्रस्तुत कर सीख प्रदान की। *प्रियादर्शनी जी* ने "जब मेरे ख्यालों की कश्ती पर तू आती है" की मनमोहक प्रस्तुति दी।शायर  *श्री अमरसिंह निधि* ने "फिर आई वो याद पुरानी" की भावपूर्ण रचना से विभोर किया।कवि *रणविजय यादव जी* ने माँ विषय पर आधारित रचना "माँ के समान नही कोई संसार में" की शानदार प्रस्तुति दी। कवयित्री *संतोष जी* ने गीत "रव ने कुछ भी दिया है यदि हौसला " की बहुत सुंदर प्रस्तुती से सभी का मन मोह लिया। कवि *श्री विनोद कश्यप जी* ने अपनी रचना "चित्रकार यदि चित्र बना दे तो मैं जानू" प्रस्तुत कर सभी की वाहवाही लूटी। कवयित्री *प्रतिभा इंदु जी* ने "तुम जियो और हमेशा सलामत रहो" की खूबसूरत प्रस्तुति दी।कवि *अनुराग दीक्षित जी* ने "तुम तो हो नादान मोहब्बत क्या करोगी" की मनभावन रचना प्रस्तुत की। कवि *दीपक कुमार पंकज जी* ने अपनी रचना "रूठी हुई ज़िंदगी का कर्जदार हूँ मै" की लाजबाब प्रस्तुति , *कवयित्री सीमा अग्रवाल* ने " प्रियतम की याद लिये" की शानदार प्रस्तुति देकर सभी की तालियां बटोरी। *प्रिय योगिता चौरसिया जी* ने " सावन की है ऋतु आई" की प्रस्तुति दी, *डाँ दीप्ती गौड़ जी* ने "दीप सबने बहुत जलाऐ है " की मनभावन प्रस्तुति से मंच को सरावोर किया।

       कार्यक्रम के अंत में कवयित्री *व्यंजना आनंद जी* ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित रचनाकारों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि -

*आज की यह बेहतरीन शाम!*

*जो थी आज आप सबके नाम।।🙏वंदेमातरम* की मनमोहक प्रस्तुति के साथ ही कार्यक्रम के समापन की घोषणा *संस्थापक- श्री कृष्ण कुमार क्रांति जी* के द्वारा की गई। साप्ताहिक लेखन में प्रथम व्यंजना आनंद मिथ्या जी द्वितीय प्रो. मीना श्रीवास्तव पुष्पांशी जी एवं तृतीय स्थान राधा तिवारी राधे गोपाल जी ने प्राप्त किया वही स्वतंत्र लेखन में प्रथम रामनाथ साहू ननकी जी द्वितीय माधुरी डड़सेना'मुदिता'जी एवं तृतीय राजेश पांडे वत्स जी ने प्राप्त किया सर्वाधिक व उत्कृष्ट टिप्पणी करके पूरे सप्ताह दिनेश कुमार पाण्डेय जी ने सर्वश्रेष्ठ टिप्पणीकार का खिताब जीता उपयुक्त कार्यक्रम में दिनेश कुमार पाण्डेय जी, निक्की शर्मा रश्मि जी, अर्चना गोयल माही जी, निराला हरिओम जी, बिहारी अविनाश तिवारी जी, दिलबर कुमार, राजेश कुमार, नीलम जैन जी, योगेंद्र कुमार शर्मा जी, राजेश पांडे वत्स जी, सौरभ पांडे जी आदि सभी ने निरन्तर उपस्थित रहकर रचनाकारों का उत्साह वर्धन किया।

Comments

Popular posts from this blog

बिजनौर मे अवैध खनन रोकने के लिए आरटीओ एवं खनन निरीक्षक द्वारा भागूवाला चेक पोस्ट पर किया गया प्रवर्तन कार्य, 07 वाहनों का किया गया चालान

पुस्तक समीक्षा " काव्य साधना "

प्रेस मैटर* *राष्ट्रीय साझा काव्य संकलन *काव्यांगन*का हुआ विमोचन*